| |
|
मण्डप एक
वैवाहिक
समाचार पत्र
है जिसका
दिनांक 02/05/2005
को भारत सरकार
से राजिस्ट्रेशन
संपन्न
हुआ तथा दिनांक
23/09/2004 को भारतीय
डाक विभाग
से राजिस्ट्रेशन
संपन्न
हुआ । इसके
प्रकाशक
श्री अश्विनी
कुमार कालिया
है एवं अनंत
समय तक मण्डप
के संचालन
के लिए मण्डप
सहभागी संघ
की स्थापना
दिनांक 31/03/2006
को म.प्र. सरकार
से रजिस्ट्रेशन
संपन्न
हुआ । |
| सामान्यता
जब भी कोई
माता पिता
अपने बेटे
या बेटी की
शादि की योजना
बनाते है
तो उन्हे
दैनिक समाचार
पत्रों के
महंगें विज्ञापनो
का सहारा
लेना पड़ता
है। जिससे
रविवार के
विज्ञापन
का उचित रिसपांस
मिला तो ठीक
नहीं तो पुनः
पैसा खर्च
करके पुनः
विज्ञापन
देना होगा
होगा इसी
तरह मैरिज
ब्यूरो
की भी सहायता
ली जाती है।
जिसमे लगभग
2000 रुपये या
अधिक लेकर
केवल कुछ
समय के लिए
रजिस्टर्ड
किया जाता
है और बडे
बडे शहरो
के रिश्ते
बताये जाते
है। जबकि
हर माता पिता
200 कि.मी. के
दायरे मे
ही रिश्ता
तय करना चाहता
है इन्ही
परेशनियों
के निदान
हेतु एक पैकेज
तैयार किया
गया है। जिसमें
बहुत कम लागत
में सरल पद्धति
से घर बैठे
रिश्ता
ढूढ़ने में
सगयोग मिलता
होगा और आप
सभी को पुण्य
लाभ, सामाजिक
प्रतिष्ठा,
मानसिक संतोष
और आर्थिक
आजादी प्राप्त
होगी। |
|
|
|
हमारा
उद्देश्य
- लोगों
को घर बैठे
उचित रिश्तों
की जानकारीया
उपलब्ध
करवाना हमारा
उद्देश्य
है।
हमारा लक्ष्य
- ऐसी व्यवस्था
का निर्माण
करना है कि
यदि कोई माता
पिता अपनी
बेटी बेटे
के रिश्ते
का विचार
करें तो उन्हे
एक दिन मै
ही रिश्ता
मिलना चाहिऐ
इस कठिन लक्ष्य
को प्राप्त
करने हेतु
बहुत से लोगों
को मण्डप
परिवार से
जोडना होगा
। |
|
| हम
आम लोगों
को १ दिन मे
रिश्ता
दे पायें
इस उद्देश्य
हेतु जन भागीदारी
योजना का एक
ऐसा पैकेज
बनाया है जिसमें
कि
आपको सिर्फ
एक बार अपना
या परिवार,परिचित
,नाते रिश्तेदार
में से किसी
एक का बायोडाटा
देते हुए
रजिस्ट्रेशन
करवाना होगा
| |